Wednesday, January 14, 2026

राम मंदिर की जिम्मेदारी संभाल रहे राम जन्मभूमिक तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के सदस्य कामेश्वर चौपाल ने रविवार को बताया कि राम मंदिर के हजारों फीट नीचे एक टाइम कैप्सूल दबाया जाएगा, ताकि भविष्य में मंदिर से जुड़े तथ्यों को लेकर कोई विवाद न रहे.

इस कैप्सूल में मंदिर का इतिहास और इससे जुड़े तथ्यों के बारे में जानकारी होगी. कामेश्वर चौपाल ने न्यूज़ एजेंसी ANI से कहा, ‘राममंदिर को लेकर चले संघर्ष और सुप्रीम कोर्ट में लंबे संघर्ष ने वर्तमान की और आने वाली पीढ़ियों के लिए एक सीख दी है. राम मंदिर निर्माण स्थल के 2,000 फीट नीचे एक टाइम कैप्सूल रखा जाएगा, ताकि भविष्य में कोई भी राम मंदिर के इतिहास का अध्ययन करना चाहेगा तो उसे राम जन्मभूमि से जुड़े तथ्य मिल जाएंगे और इससे कोई नया विवाद पैदा नहीं होगा.’ उन्होंने बताया कि कैप्सूल को एक ताम्र पत्र के अंदर रखा जाएगा.

ट्रस्ट में इकलौते दलित सदस्य कामेश्वर चौपाल ने कहा कि 5 अगस्त को होने वाले भूमि पूजन के लिए देश की कई ऐसी पवित्र नदियों से, जहां माना जाता है कि भगवान राम के चरण पड़े थे, जल और कई तीर्थों से मिट्टी लाई जा रही है. पवित्र जल से भूमि पूजन के दौरान अभिषेक किया जाना है.

ट्रस्ट के अध्यक्ष महंत नृत्य गोपाल दास के मुताबिक, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी यहां 5 अगस्त को भूमि पूजन करेंगे और नींव की ईंट रखेंगे. कहा जा रहा है कि इस समारोह में कई राज्यों के मुख्यमंत्री, कैबिनटे मंत्री और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के चीफ मोहन भागवत उपस्थित रहेंगे. सूत्रों के मुताबिक, भूमि पूजन को दीवाली की तरह मनाए जाने की योजना है. कहा जा रहा है कि इस दिन पूरे देश में सभी घरों और मंदिरों को दियों और मोमबत्ती से सजाने का आयोजन किया जाएगा.

ट्रस्ट ने पिछले हफ्ते अपनी दूसरी बैठक की थी. इस साल मार्च में ‘राम लला’ की मूर्ति को एक अस्थायी जगह पर शिफ्ट कर दिया गया है. सुप्रीम कोर्ट ने पिछले साल 9 नवंबर को केंद्र सरकार को यह जमीन निर्माण के लिए देने को कहा था, इसकी जिम्मेदारी राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट को दी गई है.

Tags: ,

0 Comments

Leave a Comment

LATEST POSTS

Dubai 22K gold price touches Dh200 a gram for first time in nine years
Bizzopp Business Expo 2025: Unlock Networking and Growth Opportunities in New Delhi
कोरोना की वजह से देश का लक्जरी कार बाजार 5-7 साल पीछे हुआ
महिलाओं की दिलचस्पी ऑनलाइन ट्रेडिंग बाज़ार (FX & CFD’s) में क्यों बढ़ने लगी?
RELIANCE आज पेश करेगा अपने Q4 नतीजे
Exclusive Insights, Networking & Growth Strategies at Bizzopp 2025
Share Price में हेराफेरी! SEBI ने 85 कंपनियों को शेयर मार्केट से ट्रेडिंग पर लगाया बैन
सोना-चांदी के दाम में आई बड़ी गिरावट
IMF के ग्लोबल अनुमान घटाने से कच्चे तेल की कीमतों पर दबाव, 1950 डॉलर के नीचे आया सोना
Sensex 1,500 अंक तक गिरा, Nifty भी लुढ़ककर 17,000 के नीचे आया
Petrol Diesel Price: 18 दिन बाद महंगा हुआ डीजल