Tuesday, April 23, 2024

शेयर बाजार में इस हफ्ते के दूसरे दिन और पिछले कारोबारी सत्र में लगातार छठे दिन जबरदस्त गिरावट देखने को मिल रही है. कल की हलचल के बाद आज मंगलवार को भी घरेलू शेयर बाजार के इंडेक्स लुढ़क गए. ओपनिंग के बाद ही BSE सेंसेक्स लगभग 1,000 अंकों से ज्यादा की गिरावट देख रहा था. हालांकि, फिर बाजार में हल्का सुधार दिखा. सुबह 10 बजे तक सेंसेक्स-निफ्टी रिकवर हो रहे थे. इस दौरान मेटल शेयरों में तेजी के चलते बाजार थोड़ा सुधरा. सेंसेक्स 92.51 अंक उछलकर 57,584.02 के स्तर पर ट्रेड कर रहा था. वहीं, निफ्टी इस दौरान 41.50 अंक या 0.24% की बढ़त के साथ 17,190.60 के स्तर पर था.

सुबह 9.30 पर सेंसेक्स 550.01 अंक या 0.96% की गिरावट लेकर 56,941.50 के लेवल पर ट्रेड कर रहा था. वहीं, निफ्टी 17,700 के लेवल के नीचे पहुंच गया है. इस दौरान इंडेक्स 16,991.40 अंकों के स्तर पर था. इसमें 57.70 अंकों या 0.92% की गिरावट आई थी.

बता दें कि ओपनिंग में सुबह 09:16 पर सेंसेक्स 808.44 अंकों या 1.41% की गिरावट लेकर 56,683.07 पर खुला और निफ्टी 232.10 अंक या 1.35% गिरकर 16,917 पर ओपनिंग की थी.

ओपनिंग के बाद निफ्टी पर एशियन पेंट्स, विप्रो, डिविस लैब और एचसीएल में गिरावट आई थी. वहीं, एक्सिस बैंक, भारती एयरटेल और पावरग्रिड बढ़त पर थे. सेंसेक्स पर 27 शेयर गिरावट में खुले थे. बस एक्सिस, भारती एयरटेल और पावरग्रिड बढ़त दर्ज कर रहे थे.

बता दें कि एक ओर तो निवेशकों में फेडरल रिजर्व पॉलिसी मीटिंग में बेंचमार्क दरों को बढ़ाए जाने का डर है, दूसरे भारतीय बाजारों से विदेशी निवेशकों के लगातार पैसे निकालने से बाजार गिर रहा है. विदेशी पोर्टफोलियो निवेशक और विदेशी संस्थागत निवेशक लगातार बिकवाली कर रहे हैं. विदेशी संस्थागत निवेशकों ने शुक्रवार को 3,148.58 करोड़ रुपये मूल्य के शेयर बेचे थे.

कल की क्लोजिंग

अगर कल की क्लोजिंग पर नजर डालें तो सेंसेक्स सोमवार को 1,546 अंक का गोता लगाकर 58,000 अंक के नीचे आ गया था. बाजार में शुरुआत गिरावट के साथ हुई और दोपहर के कारोबार में बिकवाली और तेज हो गयी. लगभग सेक्टर गिरावट में रहे. सेंसेक्स 1,545.67 अंक यानी 2.62 प्रतिशत की गिरावट के साथ 57,491.51 पर बंद हुआ. वहीं, निफ्टी 468.05 अंक यानी 2.66 प्रतिशत का गोता लगाकार 17,149.10 अंक पर बंद हुआ था. सेंसेक्स के सभी 30 शेयर नुकसान में रहे.

आनंद राठी शेयर्स एंड स्टॉक ब्रोकर्स के इक्विटी शोध प्रमुख नरेंद्र सोलंकी ने कहा, ‘एशिया के अन्य बाजारों में मिले-जुले रुख के बीच घरेलू बाजार गिरावट के साथ खुले. इसका कारण निवेशकों की अमेरिकी फेडरल रिजर्व की बैठक पर नजर और भू-राजनीतिक अनिश्चितता है. दोपहर के कारोबार में बिकवाली में तेजी आयी क्योंकि दोनों सूचकांक महत्वपूर्ण मनोवैज्ञानिक स्तर से नीचे आ गये थे.’

उन्होंने कहा, ‘बिकवाली इतनी तेज थी कि दोनों मानक सूचकांक करीब 3-3 प्रतिशत नीचे आ गये. धारणा इतनी कमजोर थी कि कारोबारियों ने 14 जनवरी को समाप्त सप्ताह के दौरान विदेशी मुद्रा भंडार के 2.22 अरब डॉलर बढ़कर 634.96 अरब डॉलर पर पहुंचने के रिजर्व बैंक के आंकड़ों को भी नजरअंदाज किया.’

Tags: , ,

0 Comments

Leave a Comment

LATEST POSTS

सोना-चांदी के दाम में आई बड़ी गिरावट
शेयर बाजार में गिरावट का दिन, सेंसेक्स-निफ्टी नुकसान में
महिलाओं की दिलचस्पी ऑनलाइन ट्रेडिंग बाज़ार (FX & CFD’s) में क्यों बढ़ने लगी?
Celebrity Bhagyashree Presents Awards to Notable Personalities.
Petrol Diesel Price: 18 दिन बाद महंगा हुआ डीजल
IMF के ग्लोबल अनुमान घटाने से कच्चे तेल की कीमतों पर दबाव, 1950 डॉलर के नीचे आया सोना
कोरोना की वजह से देश का लक्जरी कार बाजार 5-7 साल पीछे हुआ
Dollar Consolidates, Still in Demand
Delhi Property Tax Rates Likely To Go Up Marginally
RELIANCE आज पेश करेगा अपने Q4 नतीजे
Dubai 22K gold price touches Dh200 a gram for first time in nine years
इंडोनेशिया ने बढ़ाई भारत की मुश्किलें, अभी 10 फीसदी और महंगा होगा खाने का तेल